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भाषा-विज्ञान मूल रूप से पाश्चात्य विद्वानों की देन है, यह मान्यता किसकी है?

1. भाषा-विज्ञान मूल रूप से पाश्चात्य विद्वानों की देन है, यह मान्यता किसकी है?

उत्तर - भाषा-विज्ञान मूल रूप से पाश्चात्य विद्वानों की देन है, यह मान्यता डॉ. कपिलदेव द्वेदी की है। 

Bhasha-vigyan mool roop se pashchatya vidvano ki den hai, yah manytah kiski hai?

Dr. kapildev dvedi.

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