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शासकीय महाविद्यालय सरायपाली - परिचय

आज हम बात करने वाले स्व. राजा वीरेन्द्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय सरायपाली ( जिला-महासमुंद ) के बारे में इससे पहले भी मैंने आपके साथ दो कॉलेज शांत्रीबाई (प्राइवेट) और वल्लभाचार्य ( शासकीय ) महाविद्यालय के बारे में लिखा था। अगर आप उनके बारे में जानना चाहते हैं तो जान सकते है वहां पर उस कॉलेज के वेबसाइट के लिंक भी दिए गए हैं। आज का हमारा टॉपिक है शासकीय महाविद्यालय सरायपाली तो चलिए शुरू करते हैं- 

GOVT COLLEGE SARAIPALI 

1) अध्यनरत छात्र-छात्राओं को उच्च शिक्षा प्राप्त करने हेतु पर्याप्त अवसर देना इस कॉलेज का पहला उद्देश्य है।
2) चारित्रिक, शारीरिक एवं बौद्धिक विकास हेतु समुचित अवसर प्रदान करना इसका दूसरा उद्देश्य है।
3) छात्र-छात्राओं में सामाजिक संवेदनशीलता जागृत करना।
4) छात्र-छात्राओं में मानवीय गुणों का विकास करना।
5) समाज के लिए आदर्श नागरिक तैयार करना ये उनके आखरी और पांचवे उद्देश्य में से एक है।
सरायपाली शासकीय महाविद्यालय का संक्षिप्त इतिहास


saraipali govt college
कॉलेज 

Govt College Saraipali Establishment

स्व. राजा वीरेंद्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय , सरायपाली जिला महासमुंद पिन 493558 का संक्षिप्त इस्तीहास कहता है की सरायपाली में उच्च शिक्षा हेतु इसकी स्थापना 1 जुलाई 1972 को बागबाहरा शिक्षा समिति द्वारा इसकी स्थापना की गई। पहले यह फूलझर स्टेट के अंतर्गत आता था इसलिए इसका पहला नाम फूलझर महाविद्यालय सरायपाली रखा गया था। 1 अक्टूबर 1986 को इस निजी महाविद्यालय को शासन द्वारा अधिग्रहित किया गया। और इसका नाम शासकीय फूलझर महाविद्यालय , सरायपाली रखा गया तथा बाद में फिर से छत्तीसगढ़ शासन ने 15-01-2003 के आदेशानुसार इस महाविद्यालय का नाम स्व. राजा वीरेन्द्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय , सरायपाली , जिला-महासमुंद रखा गया।

Subject of saraipali govt college 

इस महाविद्यालय में 1972 से 1982 के समय में स्नातक स्तर कला संकाय में हिन्दी, अर्थशास्त्र इतिहास व राजनीति विज्ञान की अध्ययन व्यवस्था थी। और यहीं व्यवस्था आगे चलकर सन 1982 से 1988 तक महाविद्यालय में B.COM व M.A. हिन्दी की कक्षाएं भी संचालित हुई थी। लेकिन शासकीय बनाने के लिए कई बाधाएं आई इसके कारण इन कक्षाओं को बन्द कर दिया गया था।

दिसम्बर 1987 से इस महाविद्यालय में स्नातक स्तर पर भूगोल विषय तथा एम. ए. राजनीति विज्ञान की कक्षाये प्रारम्भ हुई। इसी तरह दिसम्बर 1992 में विज्ञान संकाय की स्नातक कक्षाये प्रारम्भ की गई, जिसमें बायो और गणित विषय समूह की अध्ययन व्यवस्था है। इसके अतिरिक्त स्ववित्तीय योजना के अंतर्गत सत्र 2006-2007 से महाविद्यालय में पी.जी.डी.सी.ए., बी.एस.सी. (कम्प्यूटर साइंस) की कक्षाएं प्रारम्भ की गई हैं।

सन 1972 से महाविद्यालय पूर्व शासकीय बी.टी.आई भवन में संचालित है। इस भवन में विज्ञान संकाय की कक्षाएं संचालित है। शासन ने महाविद्यालय को 6.288 हेक्टेयर भूमि आबंटित कर हस्तांतरित किया है। जिसमें कला संकाय हेतु भवन निर्माण हो चुका है।

सत्र 2006-07 में महाविद्यालय भवन के पूर्ण होने के बाद कला संकाय की कक्षाएं संचालित हैं।
साथियों सभी जानकारी एक पोस्ट में लिख पाना बहुत आसान है लेकिन पढ़ने वालों के लिए थोड़ा बोरिंग हो जाता है इसलिए मैंने स्व राजा वीरेन्द्र बहादुर सिंह शासकीय महाविद्यालय सरायपाली में संचालित विषय के बारे में एक पोस्ट अलग से लिखा है जिसे आप पढ़ सकते हैं।

आपको ये जानकारी कैसे लगी मेरे साथ शेयर जरूर करें और अपने दोस्तों तक भी पहुचाये।
ज्यादा जानकारी के लिए इनका website देखें - www.govtcollegesaraipali.com धन्यवाद! मिलते हैं अगले नए टॉपिक के साथ।

तब तक जो लिखा है उसे पढ़ें -



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