प्रश्न 1. भ्रमरगीत सार के लेखक कौन हैं? उत्तर - वैसे तो इसके लेखक सूरदास जी हैं लेकिन इसका सम्पादन आचार्य रामचन्द्र शुक्ल ने भ्रमरगीत सार नाम से किया है। इस प्रकार भ्रमरगीत सार के लेखक आचार्य रामचंद्र शुक्ल जी हैं। ◆ सूरदास के द्वारा लगभग 400 भ्रमरगीत के पद लिखे गए हैं। ◆ भ्रमर का अर्थ भौरा होता है गीत मतलब गान इस प्रकार भौरों का गान ही भ्रमर गीत है। ◆ कहते हैं यह भागवत के दशम स्कंध से प्रेरित है।
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