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Showing posts from April, 2023

शास्त्रानुसार अर्थप्रकृति के दो प्रकार के नाम लिखिए ?

1. शास्त्रानुसार अर्थप्रकृति के दो प्रकार के नाम लिखिए ? उत्तर -            श्स्त्रानुसार अर्थप्रकृति के दो प्रकार के नाम इस प्रकार हैं - बिंदु  बीज  Sastranusar arthprakriti ke do prakar ke naam likhiye?

छायावादी काव्य में किस प्रकार के भावों की अभिव्यक्ति हुई है ?

 1. छायावादी काव्य में किस प्रकार के भावों की अभिव्यक्ति हुई है ? उत्तर -           छायावादी काव्य में दुःख और वेदना भावों की अभिव्यक्ति हुई है। महादेवी वर्मा तो वेदना की ही कवयित्री के रूप में जानी जाती हैं। वे अपने वेदना विह्वल हृदल की तुलना 'मेघखण्ड' से करती हुई कहती हैं- "मैं नीर भरी दुःख की बदली विस्तृत नभ का कोई कोना मेरा न कभी अपना होना  परिचय इतना इतिहास यही उमड़ी कल थी मिट आज चली।।" -महादेवी वर्मा  Chaayawadi kavya me kis prkar ke bhav abhivyakt huye hai

आचार्य आनन्दवर्धन कौन हैं ?

 1. आचार्य आनन्दवर्धन कौन हैं ? उत्तर -      हिंदी साहित्य में यह प्रश्न बहुत बार पूछा जाता है की आनंदवर्धन कौन हैं? तो चलिए इसके बारे में मुझे जो थोड़ी बहुत जानकारी है उसको आपको बता रहा हूँ - आचार्य आनंदवर्धन जिन्हें ध्वनि सम्प्रदाय के प्रवर्तक के रूप में ख्याति प्राप्त है या कहें ये ध्वनि सम्प्रदाय के प्रवर्तक के रूप में प्रसिद्ध हैं। इसके पहले भी एक आचार्य थे रुद्रट जो ध्वनि सम्प्रदाय के ख्याति प्राप्त व्यक्ति थे ये उनके बाद के  काव्यशास्त्री हैं।  जिन्हें  उनके पहले से उपस्थित काव्यशास्त्रियों की अपेक्षा ज्यादा प्रसिद्धि मिली है। इन्होने ध्वनि सम्प्रदाय से सम्बन्धित एक ग्रन्थ की रचना की थी जिसका नाम ध्वन्यालोक काव्य शास्त्र है यह हिंदी साहित्य के इतिहास में मील का पत्थर है।  आचार्य आनन्दवर्धन के निवास की बात करें तो ये कश्मीर के निवासी थे और ये उस समय के तत्कालीन कश्मीर नरेश अवन्तिवर्मन के समकालीन थे। इस सम्बन्ध में  कल्हड़ जिन्हें महाकवि के रूप में जाना जाता है इन्होने अपने ग्रन्थ राजतरंगिणी में लिखा है - मुक्ताकणः शिव्स्यामी कविरानन्...